सिद्धार्थनगर : विकास भवन कार्यालय से सटे वर्षों पुराने मंदिर को सोमवार की देर रात प्रशासन ने बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही डुमरियागंज के सांसद जगदम्बिकापाल और नगर पालिका अध्यक्ष गोविंद माधव मौके पर पहुंचे। बताया जा रहा है कि मंदिर में भगवान हनुमान भगवान राम और मां दुर्गा की प्रतिमाएं स्थापित थीं। मंदिर गिराए जाने के बाद प्रतिमाएं भी खंडित हो गईं। घटना की सूचना मिलते ही बजरंग दल विश्व हिंदू परिषद और आरएसएस के सैकड़ों कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए और जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
सांसद पाल ने प्रशासन की कार्रवाई पर कड़ा विरोध जताते हुए कहा कि बिना धर्मगुरुओं से परामर्श किए मंदिर पर बुलडोजर चलाना असंवैधानिक है। उन्होंने कहा कि इस मंदिर से सैकड़ों श्रद्धालुओं की आस्था जुड़ी हुई थी और नवरात्र की पूर्व संध्या पर इसका ध्वस्तीकरण लोगों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला कदम है।
सांसद ने आश्वासन दिया कि इस मामले की शिकायत वे मुख्यमंत्री से करेंगे। वहीं स्थानीय लोगों में भी प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर नाराजगी देखी जा रही है।
